Showing posts with label शोक समाचार. Show all posts
Showing posts with label शोक समाचार. Show all posts

Monday, 18 April 2016

संस्था के उपाध्यक्ष श्री जय प्रकाश श्रीमाली को भ्राता शोक

पूर्व विद्यार्थी संघ, विद्या भवन पॉलिटेक्निक कॉलेज के उपाध्यक्ष एवं पॉलिटेक्निक के सिविल इंजीनियरिंग विभाग के प्राध्यापक श्री जय प्रकाश श्रीमाली के बड़े भ्राता श्री हेमंत जी श्रीमाली का आकस्मिक स्वर्गवास दिनांक 17.4.2016 को हो गया । श्री हेमंत जी राजस्थान रोडवेज़ के उदयपुर डिपो के प्रबंधक पद से सेवा निवृत्त हुए थे ।

संस्था के सभी सदस्यों की ओर से ईश्वर से यही प्रार्थना है कि वह दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करे और श्रीमाली परिवार को यह असीम वेदना सहने की शक्ति प्रदान करे ।
 

Sunday, 31 August 2014

श्री विनय बंसल का स्वर्गवास

अत्यंत खेद है कि  इस संस्था की सिविल इंजीनियरिंग शाखा के वर्ष 1967 में उत्तीर्ण श्री विनय कुमार बंसल का आकस्मिक स्वर्गवास दिनांक 24.8.2014 को हो गया । यो लगभग 67 वर्ष के थे। इनकी पत्नी हाउस वाइफ़ हैं और इनके दो पुत्रियाँ व एक पुत्र हैं जिनकी शादी अच्छे परिवारों में हो चुकी है ।
इनके पुत्र श्री रत्नेश बंसल ने आई आई टी मुंबई से सिविल इंजीनियरिंग में बी.टैक. की डिग्री अर्जित की हुई है और अभी दुबई में एक अच्छी कंपनी में सेवारत है। एक पुत्री का ससुराल जयपर में और दूसरी का उदयपर में ही है । बड़े दामाद आर्किटेक्ट हैं और छोटे स्वयं का रसोई आधुनिकीकरण का व्यवसाय करते हैं ।
 संस्था के सभी सदस्यों की ओर से ईश्वर से प्रार्थना है कि इनकी आत्मा को चिरशांति प्रदान करे तथा शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुखः सहने की शक्ति प्रदान करे।
राजस्थान पत्रिका 26.8.2014
 

Thursday, 26 June 2014

श्री बी. एल. जैन, संरक्षक (पूर्व आचार्च) को पत्नी शोक

इस संस्था के एक संरक्षक एवं पूर्व आचार्च श्री बी. एल. जैन की धर्मपत्नी श्रीमती प्रेम कुमारी जैन का स्वर्गवास दिनांक 23.6.2014 को हो गया । संस्था के सभी सदस्यों की ओर से ईश्वर से प्रार्थना है कि इनकी आत्मा को चिरशांति प्रदान करे तथा शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुखः सहने की शक्ति प्रदान करे।

दैनिक भास्कर दिनांक 25.6.2014

श्री रमण लाल भट्ट का स्वर्गवास

  इस संस्था की सिविल इंजीनियरिंग शाखा के वर्ष 1967 में उत्तीर्ण श्री रमण लाल भट्ट का स्वर्गवास दिनांक 10.6.2014 को हो गया । इनकी पत्नी सेवानिवृत अध्यापिका हैं और इनके तीन पुत्रियाँ हैं जिनमें से दो की शादी अच्छे परिवारों में हो चुकी है और एक दिल्ली में अच्छी कंपनी में सेवारत है।
 संस्था के सभी सदस्यों की ओर से ईश्वर से प्रार्थना है कि इनकी आत्मा को चिरशांति प्रदान करे तथा शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुखः सहने की शक्ति प्रदान करे।


राजस्थान पत्रिका 12.6.2014